निफ्टी 50: आज का इंट्राडे विस्तृत पोस्ट मार्केट विश्लेषण (2 दिसंबर 2025)
नमस्कार! आज भारतीय शेयर बाजार में निफ्टी 50 इंडेक्स ने मिश्रित शुरुआत के बाद कमजोर सेंटीमेंट के बीच कारोबार किया और अंततः 26,032.20 पर बंद हुआ। यह पिछले बंद भाव (26,175.75) से लगभग 143.55 अंकों (0.55%) की गिरावट दर्शाता है। बाजार पर बैंकिंग सेक्टर की कमजोरी, रुपये की रिकॉर्ड कमजोरी (90/अमेरिकी डॉलर के पार) और वैश्विक संकेतों का दबाव प्रमुख कारक रहे। आइए, आज के इंट्राडे मूवमेंट, प्रमुख स्तरों, सेक्टर प्रदर्शन और कल की संभावनाओं पर विस्तार से नजर डालें।
आज का प्रमुख डेटा (OHLCV)
| पैरामीटर | मूल्य | परिवर्तन (%) |
|---|---|---|
| ओपन | 26,087.95 | - |
| हाई | 26,154.60 | +0.25% (ओपन से) |
| लो | 26,028.65 | -0.23% (ओपन से) |
| क्लोज | 26,032.20 | -0.21% (ओपन से) |
| वॉल्यूम | उच्च (विशिष्ट आंकड़े अनुपलब्ध, लेकिन F&O एक्सपायरी के कारण बढ़ा) | - |
- इंट्राडे मूवमेंट का सारांश: बाजार की शुरुआत गैप डाउन के साथ हुई, जहां निफ्टी ने 26,087.95 पर खुला। सुबह के सत्र में इंडेक्स ने 26,154.60 तक रिकवरी दिखाई, लेकिन दोपहर होते-होते बैंकिंग और मेटल सेक्टरों की बिकवाली से दबाव बढ़ा। दोपहर 2 बजे के आसपास निफ्टी 26,050 के नीचे फिसल गया और दिन का निम्न स्तर 26,028.65 छुआ। अंतिम घंटे में मामूली खरीदारी से क्लोजिंग हाई के करीब आया, लेकिन समग्र रूप से बेयरिश बायस हावी रहा। सप्ताहांत F&O एक्सपायरी ने वॉलेटिलिटी बढ़ाई, जहां पुट ऑप्शंस (जैसे 26,200 PE) में भारी OI बिल्डअप देखा गया।
प्रमुख घटनाएं और ट्रेडिंग पैटर्न
- सुबह का सत्र (9:15-11:00): ग्लोबल क्यूज (एशियाई बाजारों में मिश्रित ट्रेड) के बीच निफ्टी ने 26,100 के ऊपर स्ट्रगल किया। IT और फार्मा सेक्टरों ने शुरुआती सपोर्ट दिया, लेकिन प्राइवेट बैंक (जैसे HDFC Bank, Axis Bank) में 1-2% की गिरावट ने दबाव बनाया।
- दोपहर का सत्र (11:00-14:00): रुपये की गिरावट (90.10/USD तक) ने आयात-निर्भर सेक्टरों को प्रभावित किया। इंडिगो (InterGlobe Aviation) जैसे स्टॉक्स में 3-4% की जोरदार बिकवाली देखी गई, जो निफ्टी को 26,050 के नीचे धकेल दिया। RIL और BEL भी प्रमुख लूजर्स रहे।
- अंतिम सत्र (14:00-15:30): मामूली रिकवरी हुई, जहां एशियन पेंट्स और भारती एयरटेल जैसे गेनर्स ने सपोर्ट दिया। हालांकि, समग्र ब्रेड्थ नकारात्मक रही (निफ्टी 50 में से 32 स्टॉक्स लाल निशान पर बंद)।
- टेक्निकल इंडिकेटर्स:
- RSI (14-पीरियड): 45 के आसपास (ओवरसोल्ड जोन की ओर), जो शॉर्ट-टर्म बाउंस की संभावना दर्शाता है।
- MACD: नेगेटिव क्रॉसओवर, बेयरिश मोमेंटम को कन्फर्म करता।
- सपोर्ट/रेजिस्टेंस: मजबूत सपोर्ट 26,000 पर, जबकि 26,200 रेजिस्टेंस के रूप में काम कर रहा। अगर कल 26,000 टूटा, तो 25,800 तक गिरावट संभव।
सेक्टर-वाइज प्रदर्शन
बाजार में ब्रॉड सेल-ऑफ देखा गया, लेकिन कुछ सेक्टरों ने बेहतर प्रदर्शन किया। नीचे टेबल में प्रमुख सेक्टरों का सारांश:
| सेक्टर | परिवर्तन (%) | प्रमुख गेनर/लूजर |
|---|---|---|
| बैंक निफ्टी | -1.2% | HDFC Bank (-1.5%), Axis Bank (-1.8%) |
| मेटल | -0.8% | SAIL (-1.2%), Jindal Steel (-0.9%) |
| ऑयल एंड गैस | -0.5% | RIL (-0.7%) |
| कंज्यूमर ड्यूरेबल्स | -0.5% | - |
| मीडिया | -0.5% | - |
| IT | +0.2% | Infosys (+0.5%) |
| फार्मा | +0.3% | Dr. Reddy's (+1.0%) |
| ऑटो | -0.1% | Maruti (+0.8%) |
- टॉप गेनर्स (निफ्टी 50 से): एशियन पेंट्स (+1.2%), भारती एयरटेल (+0.9%), डॉ. रेड्डीज़ (+0.8%), SBI लाइफ (+0.7%), मारुति सुजुकी (+0.6%)।
- टॉप लूजर्स: इंडिगो (-3.5%), RIL (-0.9%), BEL (-1.1%), HDFC लाइफ (-1.0%), एक्सिस बैंक (-1.8%)।
वैश्विक और घरेलू संदर्भ
- वैश्विक संकेत: अमेरिकी बाजारों में टेक सेक्टर की रिकवरी से एशियाई बाजार मिश्रित खुले, लेकिन यूएस फेड की हॉक्सिश टिप्पणियों ने उभरते बाजारों पर दबाव डाला।
- घरेलू फैक्टर: RBI की आगामी MPC मीटिंग (5 दिसंबर) से पहले सतर्कता बनी रही। FIIs ने आज नेट सेलिंग की (लगभग ₹2,500 करोड़), जबकि DIIs ने खरीदारी जारी रखी। रुपये की कमजोरी ने एक्सपोर्टर्स को फायदा पहुंचाया, लेकिन इंपोर्टर्स पर बोझ बढ़ा।
- F&O डेटा: 26,000 पुट में भारी बिल्डअप, जो मजबूत सपोर्ट दर्शाता है। कॉल राइटिंग 26,200 पर देखी गई।
कल (3 दिसंबर) का आउटलुक
निफ्टी 26,000 के ऊपर टिके रहने पर 26,200 की ओर रिकवरी संभव, लेकिन बैंकिंग सेक्टर की रिकवरी जरूरी। अगर 26,000 टूटा, तो 25,800 तक करेक्शन हो सकता। Nomura की रिपोर्ट के अनुसार, 2026 के अंत तक निफ्टी 29,300 तक पहुंच सकता है, लेकिन शॉर्ट-टर्म में वोलेटिलिटी बनी रहेगी। ट्रेडर्स को RBI पॉलिसी पर नजर रखें।
डिस्क्लेमर: यह विश्लेषण केवल सूचना के उद्देश्य से है और निवेश सलाह नहीं है। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले अपनी रिसर्च करें और एसईबीआई(SEBI) पंजीकृत वित्तीय सलाहकार से परामर्श लें।